मेरा सरोकार

ये मेरा सरोकार है, इस समाज , देश और विश्व के साथ . जब भी और जहाँ भी ये अनुभव होता है कि इसको तो सबसे बांटने और पूछने का विषय है, सब में बाँट लेने से कुछ और ही परिणाम और हल मिल जाते हैं. एकस्वस्थ्य समाज कि परंपरा को निरंतर चलाते रहने में एक कण का क्या उपयोग हो सकता है ? ये तो मैं नहीं जानती लेकिन चुप नहीं रहा जा सकता है.

गुरुवार, 19 मई 2011

"आरक्षण" में दलित !

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"आरक्षण " फ़िल्म में सैफ अली खां ने एक दलित के किरदार को निभाया है और उनके इस चरित्र कोनिभाने के लिए उत्त...
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शनिवार, 14 मई 2011

विश्व परिवार दिवस !

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प्राणी जगत में परिवार सबसे छोटी इकाई है या फिर इस समाज में भी परिवार सबसे छोटी इकाईहै। यह सामाजिक संगठन की मौलिक इकाई ...
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बुधवार, 11 मई 2011

ये तो हद है!

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आस्ट्रेलिया में भारतीयों के साथ हो रहे विगत वर्षों से दुर्व्यवहार की खबरें - यहाँ तक कि हमले और हत्याओं तक की घटनाएँ आम ...
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रविवार, 1 मई 2011

श्रमिक दिवस किसके लिए ?

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विश्व में सभी को एक एक दिन देकर सम्मान किया जाता है , वह सम्मान चाहे सार्थक हो...
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शुक्रवार, 22 अप्रैल 2011

दलित की परिभाषा !

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कुछ लोग अपनी सोच से ये परिचय दे देते हैं कि वे किस काबिल हैं और उनकी सोच क्या है ? उत्तर प्रदेश की मुख्य मंत्री वैसे...
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मेरे बारे में

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रेखा श्रीवास्तव
मैं अपने बारे में सिर्फ इतना ही कहूँगी कि २५ साल तक आई आई टी कानपुर में कंप्यूटर साइंस विभाग में प्रोजेक्ट एसोसिएट के पद पर रहते हुए हिंदी भाषा ही नहीं बल्कि लगभग सभी भारतीय भाषाओं को मशीन अनुवाद के द्वारा जन सामान्य के समक्ष लाने के उद्देश्य से कार्य करते हुए . अब सामाजिक कार्य, काउंसलिंग और लेखन कार्य ही मुख्य कार्य बन चुका है. मेरे लिए जीवन में सिद्धांत का बहुत बड़ी भूमिका रही है, अपने आदर्शों और सिद्धांतों के साथ कभी कोई समझौता नहीं किया. अगर हो सका तो किसी सही और गलत का भान कराती रही यह बात और है कि उसको मेरी बात समझ आई या नहीं.
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