ये मेरा सरोकार है, इस समाज , देश और विश्व के साथ . जब भी और जहाँ भी ये अनुभव होता है कि इसको तो सबसे बांटने और पूछने का विषय है, सब में बाँट लेने से कुछ और ही परिणाम और हल मिल जाते हैं. एकस्वस्थ्य समाज कि परंपरा को निरंतर चलाते रहने में एक कण का क्या उपयोग हो सकता है ? ये तो मैं नहीं जानती लेकिन चुप नहीं रहा जा सकता है.
गुरुवार, 31 अगस्त 2017
मंगलवार, 22 अगस्त 2017
बुधवार, 9 अगस्त 2017
रविवार, 6 अगस्त 2017
शुक्रवार, 4 अगस्त 2017
गुरुवार, 3 अगस्त 2017